25 जनवरी 2026, Trump की कनाडा को 100% टैरिफ की धमकी: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार को कनाडा को स्पष्ट चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि यदि कनाडा चीन के साथ कोई व्यापारिक समझौता करता है, तो अमेरिका कनाडाई सामानों पर तुरंत 100% टैरिफ लगा देगा। यह बयान ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर पोस्ट किया, जिसमें उन्होंने कनाडाई प्रधानमंत्री मार्क कार्नी को सीधे निशाना बनाया।
ट्रंप ने लिखा, “कनाडा अगर चीन के साथ डील करता है, तो सभी कनाडाई उत्पादों पर 100% टैरिफ लग जाएगा।” उन्होंने आगे चेताया कि चीन कनाडा को “निगल जाएगा” और उसके कारोबार, सामाजिक संरचना तथा जीवनशैली को तबाह कर देगा। ट्रंप ने यह भी कहा कि कनाडा चीन का “ड्रॉप-ऑफ पोर्ट” बन सकता है, जिससे चीन अमेरिकी टैरिफ से बचने के लिए कनाडा के रास्ते सामान भेजेगा।
कनाडा-चीन व्यापार समझौता क्या है?
समझौते की मुख्य बातें
यह विवाद तब शुरू हुआ जब कनाडाई प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने हाल ही में चीन की यात्रा की और दोनों देशों के बीच एक सीमित व्यापार समझौता किया। इस समझौते में कनाडा ने चीनी इलेक्ट्रिक व्हीकल्स (ईवी) पर लगे 100% टैरिफ को कम करने पर सहमति दी, जबकि चीन ने कनाडाई कृषि उत्पादों जैसे कैनोला पर टैरिफ घटाया।
कनाडाई अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह कोई पूर्ण मुक्त व्यापार समझौता (FTA) नहीं है, बल्कि विशिष्ट क्षेत्रों तक सीमित है। चीन कनाडा का अमेरिका के बाद दूसरा सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है, और यह समझौता दोनों देशों के बीच तनावपूर्ण संबंधों को सुधारने की कोशिश का हिस्सा था।
ट्रंप की नाराजगी का कारण
ट्रंप प्रशासन चीन के खिलाफ कड़े टैरिफ लगाए हुए है और वह नहीं चाहता कि उसके निकटतम सहयोगी देश चीन से निकटता बढ़ाएं। ट्रंप को आशंका है कि कनाडा के जरिए चीन अमेरिकी बाजार में सस्ते सामान भेज सकता है।
कनाडा की प्रतिक्रिया
सरकारी बयान
कनाडा-अमेरिका व्यापार मंत्री डोमिनिक लेब्लांक ने तुरंत स्पष्ट किया, “चीन के साथ कोई मुक्त व्यापार समझौता नहीं हो रहा है।” प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने घरेलू स्तर पर नागरिकों से अपील की कि वे स्थानीय उत्पाद खरीदें और अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाएं।
कार्नी ने ट्रंप की धमकी पर सीधे टिप्पणी नहीं की, लेकिन डावोस में विश्व आर्थिक मंच के अपने भाषण में वैश्विक व्यवस्था में “रुप्चर” की बात करके अप्रत्यक्ष रूप से अमेरिकी नीतियों पर सवाल उठाए थे।
संभावित आर्थिक प्रभाव
दोनों देशों पर असर
अमेरिका और कनाडा के बीच सालाना सैकड़ों अरब डॉलर का व्यापार होता है। यदि 100% टैरिफ लगता है, तो कनाडाई निर्यात जैसे ऑटोमोबाइल, लकड़ी, तेल और धातुएं अमेरिकी बाजार में महंगी हो जाएंगी, जिससे कनाडाई अर्थव्यवस्था को गहरा झटका लगेगा।
अमेरिकी उपभोक्ताओं को भी महंगे सामान खरीदने पड़ सकते हैं। इससे उत्तर अमेरिकी मुक्त व्यापार समझौता (USMCA) पर भी दबाव बढ़ेगा, जिसे ट्रंप के पहले कार्यकाल में ही नया रूप दिया गया था।
वैश्विक परिदृश्य
विश्लेषक मानते हैं कि ट्रंप टैरिफ को बातचीत का हथियार बनाते हैं। पहले भी उन्होंने कनाडा और अन्य देशों पर टैरिफ की धमकी दी, लेकिन कई बार पीछे भी हटे। कनाडा अब भारत, ब्रिटेन और यूरोपीय संघ जैसे अन्य देशों के साथ व्यापारिक संबंध मजबूत करने पर ध्यान दे सकता है।
ट्रंप की यह धमकी वैश्विक व्यापार युद्ध को नया मोड़ दे सकती है। फिलहाल दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ गया है, लेकिन बातचीत से ही इसका हल निकल सकता है। यह घटना न केवल अमेरिका-कनाडा संबंधों, बल्कि पूरी वैश्विक अर्थव्यवस्था को प्रभावित कर सकती है। स्थिति पर सभी की नजरें टिकी हैं।
Sources: रॉयटर्स