21 दिसंबर 2025 Nitish Kumar: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आज सुबह पटना से दिल्ली के लिए रवाना हो गए। उनकी यह यात्रा मुख्य रूप से स्वास्थ्य जांच के उद्देश्य से है, जहां वे अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) में रूटीन चेकअप कराएंगे। 74 वर्षीय नीतीश कुमार की सेहत को लेकर लंबे समय से चर्चा चल रही है, और यह यात्रा उनके नियमित स्वास्थ्य परीक्षण का हिस्सा मानी जा रही है। हालांकि, राजनीतिक गलियारों में अटकलें हैं कि दिल्ली में उनका प्रवास केवल मेडिकल चेकअप तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि एनडीए नेताओं के साथ महत्वपूर्ण बैठकें भी हो सकती हैं। आइए जानते हैं इस यात्रा की पूरी डिटेल्स, पृष्ठभूमि और क्या है इसके पीछे की बात।
नीतीश कुमार की दिल्ली यात्रा: कब, कैसे और क्यों?
सुबह करीब 9 बजे नीतीश कुमार जयप्रकाश नारायण अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से विशेष विमान से दिल्ली के लिए उड़ान भर चुके हैं। उनके साथ बिहार सरकार के कुछ वरिष्ठ अधिकारी और निजी स्टाफ भी हैं। यात्रा की अवधि लगभग 2-3 दिनों की बताई जा रही है, जिसमें AIIMS दिल्ली में विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा पूर्ण स्वास्थ्य जांच शामिल है। सूत्रों के अनुसार, मुख्यमंत्री को कोई गंभीर स्वास्थ्य समस्या नहीं है, लेकिन उम्र के कारण होने वाले सामान्य लक्षणों जैसे सांस संबंधी दिक्कतें और आंखों की जांच पर फोकस रहेगा।
नीतीश कुमार की स्वास्थ्य इतिहास को देखें तो 2021 में कोविड-19 संक्रमण के दौरान उन्हें श्वसन संबंधी समस्या हुई थी, जिसके बाद वे दिल्ली के ही एम्स में भर्ती हो चुके थे। हाल ही में मोतियाबिंद सर्जरी भी सफलतापूर्वक हो चुकी है। बिहार सरकार के एक अधिकारी ने बताया, “मुख्यमंत्री नियमित रूप से स्वास्थ्य जांच कराते रहते हैं। यह यात्रा पूर्व निर्धारित थी और कोई आपात स्थिति नहीं है।” Nitish Kumar स्वास्थ्य जांच दिल्ली जैसे कीवर्ड्स पर सर्च करने वाले लोगों के लिए यह खबर राहत की है, क्योंकि उनकी फिटनेस बिहार की राजनीति के लिए अहम है।
राजनीतिक आयाम: एनडीए के साथ बैठकें होंगी या नहीं?
स्वास्थ्य जांच के अलावा, नीतीश कुमार की दिल्ली यात्रा पर राजनीतिक नजरें टिकी हैं। एनडीए गठबंधन में बिहार जेडीयू और बीजेपी के बीच हालिया तनाव के बाद यह यात्रा महत्वपूर्ण हो गई है। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी से अनौपचारिक मुलाकात की संभावना जताई जा रही है, जहां बिहार बजट 2026-27 और विधानसभा चुनाव की रणनीति पर चर्चा हो सकती है। बिहार में आगामी 2025 विधानसभा चुनावों को देखते हुए नीतीश कुमार का दिल्ली दौरा गठबंधन मजबूत करने का संकेत दे रहा है।
जेडीयू के एक प्रवक्ता ने कहा, “मुख्यमंत्री की प्राथमिकता स्वास्थ्य है, लेकिन दिल्ली में नेताओं से भेंट होना स्वाभाविक है।” विपक्षी दल आरजेडी ने इस पर तंज कसा है, “नीतीश जी की सेहत से ज्यादा उनकी राजनीतिक फिटनेस चिंता का विषय है।” Nitish Kumar दिल्ली यात्रा राजनीति सर्च करने वालों को यह जानना चाहिए कि यह यात्रा बिहार की सियासत को नई दिशा दे सकती है।
हालिया घटनाओं का साया: सास की मृत्यु और हिजाब विवाद
इस यात्रा से ठीक पहले नीतीश कुमार के परिवार को बड़ा सदमा लगा। 20 दिसंबर को उनकी सास विद्या वती देवी का 90 वर्ष की आयु में निधन हो गया। लंबी बीमारी से जूझ रही विद्या देवी का अंतिम संस्कार पटना में ही किया गया। मुख्यमंत्री ने शोक संदेश जारी कर कहा, “मां जैसी सास के निधन से गहरा दुख हुआ है।” यह व्यक्तिगत क्षति उनकी दिल्ली यात्रा को भावुक रंग दे रही है।
इसके अलावा, 15 दिसंबर को पटना में आयुष डॉक्टरों को नियुक्ति पत्र वितरण समारोह के दौरान नीतीश कुमार द्वारा एक मुस्लिम महिला डॉक्टर का नकाब हटाने का वीडियो वायरल हो गया था। इस हिजाब विवाद ने विपक्ष को हमलावर बनाने का मौका दिया, जहां आरजेडी और कांग्रेस ने उनकी मानसिक स्थिति पर सवाल उठाए। केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह के विवादास्पद बयान ‘महिला नर्क चली जाए’ ने आग में घी डाल दिया। हालांकि, गवर्नर आरिफ मोहम्मद खान ने नीतीश का बचाव किया। डॉ. नुसरत परवीन ने 20 दिसंबर को ड्यूटी जॉइन की, लेकिन विवाद थमा नहीं। Nitish Kumar हिजाब विवाद अभी भी ट्रेंडिंग है, और यह यात्रा विवाद शांत करने का प्रयास भी हो सकती है।
बिहार की सियासत पर असर: क्या बदलाव आएंगे?
नीतीश कुमार बिहार की राजनीति के धुरी हैं। उनकी अनुपस्थिति में उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और विजय सिन्हा सरकार संभालेंगे। लेकिन दिल्ली से लौटने पर बड़े फैसले की उम्मीद है, खासकर बजट सत्र से पहले। बिहार में विकास योजनाओं जैसे सड़क, शिक्षा और स्वास्थ्य पर फोकस बढ़ सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि बिहार मुख्यमंत्री Nitish Kumar इलाज की यह खबर राज्य की स्थिरता सुनिश्चित करेगी।
नीतीश कुमार की दिल्ली यात्रा न केवल स्वास्थ्य जांच है, बल्कि राजनीतिक संदेश भी। एनडीए मजबूत रहेगा या नया मोड़ आएगा, यह आने वाले दिनों में साफ होगा। बिहारवासी अपनी सरकार के मुखिया की कुशलता की कामना कर रहे हैं।
नीतीश कुमार का स्वास्थ्य प्रोफाइल: एक नजर
- उम्र: 74 वर्ष (जन्म: 1 मार्च 1951)
- पिछली स्वास्थ्य समस्याएं: कोविड-19 (2021), श्वसन संक्रमण, मोतियाबिंद सर्जरी (हालिया)
- नियमित जांच: AIIMS दिल्ली में वार्षिक चेकअप
- वर्तमान स्थिति: सामान्य, कोई गंभीर समस्या नहीं
निष्कर्ष: बिहार की उम्मीदें दिल्ली से
Nitish Kumar की यह यात्रा बिहार के लिए एक नया अध्याय लिख सकती है। स्वास्थ्य जांच के साथ राजनीतिक चर्चाएं राज्य के विकास को गति देंगी।आपकी राय में यह यात्रा राजनीतिक है या स्वास्थ्य प्रधान? कमेंट्स में बताएं।