10 फरवरी 2026, Panorma Group पर आयकर विभाग की बड़ी छापेमारी: बिहार के सीमांचल क्षेत्र की प्रमुख रियल एस्टेट कंपनी पनोरमा ग्रुप के ठिकानों पर आज सुबह आयकर विभाग ने बड़े स्तर पर छापेमारी की।
छापेमारी की शुरुआत और स्थान
आयकर विभाग की पटना से आई टीमों ने सुबह करीब 5:30-6 बजे पूर्णिया और सुपौल में एक साथ सात से आठ ठिकानों पर दबिश दी।
- पूर्णिया में जिला स्कूल रोड स्थित मुख्य कार्यालय
- बायपास रोड पर ई-पनोरमा ऑफिस
- पनोरमा हाइट्स और अन्य आवासीय परिसर
- सुपौल के छातापुर थाना क्षेत्र में रामपुर स्थित पनोरमा पब्लिक स्कूल परिसर
टीम में 20 से अधिक अधिकारी शामिल थे और दर्जन भर गाड़ियां मौके पर पहुंचीं।
पूछताछ और दस्तावेजों की जांच
CMD संजीव मिश्रा और परिवार से पूछताछ
कंपनी के चेयरमैन सह प्रबंध निदेशक (CMD) संजीव मिश्रा, उनके परिवार के सदस्यों और स्टाफ से गहन पूछताछ चल रही है। अधिकारियों ने आय के स्रोत, संपत्तियों की खरीद-बिक्री, टैक्स रिटर्न और कैश ट्रांजेक्शन से जुड़े सवाल पूछे।
जब्ती और डिजिटल जांच
- कई महत्वपूर्ण दस्तावेज जब्त किए गए
- लैपटॉप, मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल डिवाइस की जांच जारी
- कर्मचारियों को अलग-अलग कमरों में बैठाकर पूछताछ की गई
सूत्रों के अनुसार यह कार्रवाई टैक्स चोरी और आय के स्रोतों की जांच से जुड़ी है। कुछ सूत्रों ने प्रवर्तन निदेशालय (ED) की संभावित भागीदारी की भी बात कही, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
पनोरमा ग्रुप का परिचय
पनोरमा ग्रुप सीमांचल की प्रमुख रियल एस्टेट कंपनियों में से एक है।
प्रमुख परियोजनाएं
- पनोरमा हाइट्स
- पनोरमा सिटी
- कमर्शियल कॉम्प्लेक्स, स्कूल और अस्पताल से जुड़े प्रोजेक्ट
पिछले एक दशक में ग्रुप ने पूर्णिया और सुपौल में कई बड़े प्रोजेक्ट पूरे किए। CMD संजीव मिश्रा को क्षेत्र में एक प्रमुख व्यवसायी और सामाजिक व्यक्ति के रूप में जाना जाता है। कंपनी सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय रही है। हालांकि, कुछ प्रोजेक्ट्स में देरी और ग्राहक शिकायतों की भी चर्चा सोशल मीडिया पर होती रही है।
कारोबारी जगत में हड़कंप
इस छापेमारी से पूर्णिया और सुपौल के कारोबारी जगत में हड़कंप मच गया। ठिकानों को चारों तरफ से घेर लिया गया और किसी को बाहर आने-जाने की अनुमति नहीं दी गई। स्थानीय लोग इसे असामान्य कार्रवाई बता रहे हैं।
रियल एस्टेट सेक्टर पर निगरानी
बिहार में रियल एस्टेट सेक्टर तेजी से बढ़ रहा है, लेकिन टैक्स अनुपालन पर सख्ती भी बढ़ी है। रियल एस्टेट में कैश ट्रांजेक्शन ज्यादा होने के कारण इस सेक्टर पर विशेष निगरानी है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह कार्रवाई अन्य कंपनियों के लिए भी संदेश है।
कंपनी और विभाग का रुख
कंपनी की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। संजीव मिश्रा या उनके प्रतिनिधियों से संपर्क करने पर कोई जवाब नहीं मिला। आयकर विभाग के अधिकारियों ने भी कार्रवाई जारी होने का हवाला देकर टिप्पणी से इनकार कर दिया।
संभावित प्रभाव
- पूर्णिया के रियल एस्टेट मार्केट पर असर पड़ सकता है
- निवेशक और खरीदार कंपनी के प्रोजेक्ट्स पर नजर रखे हुए हैं
- सोशल मीडिया और लोकल न्यूज चैनलों पर खबर तेजी से वायरल
कुछ लोग इसे टैक्स चोरी पर सख्ती का हिस्सा बता रहे हैं, तो कुछ इसे राजनीतिक साजिश करार दे रहे हैं।
आगे की स्थिति
छापेमारी शाम तक जारी रही और अगले कुछ घंटों या दिनों में और अपडेट सामने आ सकते हैं। यदि कोई बड़ा खुलासा होता है तो यह बिहार के कारोबारी जगत की बड़ी खबर बन सकती है।
Sources: दैनिक भास्कर