Iran's attacks on ships in the Strait of Hormuz and the Persian Gulf intensifyIran's attacks on ships in the Strait of Hormuz and the Persian Gulf intensify

12 मार्च 2026, होर्मुज स्ट्रेट और फारस की खाड़ी में जहाजों पर Iran के हमले तेज: मध्य पूर्व में अमेरिका-इज़राइल बनाम ईरान युद्ध अब 13वें दिन में है, और इसका सबसे गंभीर प्रभाव होर्मुज स्ट्रेट तथा फारस की खाड़ी में व्यावसायिक जहाजों पर पड़ रहा है। पिछले 48 घंटों (10-11 मार्च 2026) में कम से कम 6 जहाजों पर हमले हुए हैं, जिनमें तेल टैंकर और कार्गो जहाज शामिल हैं। कई जहाजों में आग लग गई, क्रू मेंबर्स की मौत हुई, और जहाजों को छोड़ना पड़ा। इससे वैश्विक तेल आपूर्ति बुरी तरह प्रभावित हुई है, क्योंकि होर्मुज स्ट्रेट से दुनिया का लगभग 20% कच्चा तेल और उत्पाद गुजरते हैं। इंटरनेशनल एनर्जी एजेंसी (IEA) ने इसे अब तक का सबसे बड़ा तेल सप्लाई डिसरप्शन बताया है।

हमलों का क्रम और प्रमुख घटनाएं

11 मार्च को सबसे भयावह हमले दर्ज हुए। ब्रिटिश मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (UKMTO) और अन्य सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, होर्मुज स्ट्रेट में थाईलैंड-फ्लैग्ड बल्क कैरियर मयूरी नारी (Mayuree Naree) पर अज्ञात प्रोजेक्टाइल से हमला हुआ। जहाज में आग लग गई, क्रू ने लाइफबोट से जहाज छोड़ा, और तीन क्रू मेंबर्स लापता बताए गए। IRGC (ईरान की रिवॉल्यूशनरी गार्ड्स) ने दावा किया कि जहाज ने उनकी चेतावनियां अनदेखी कीं, इसलिए इसे “वैध लक्ष्य” माना गया।

इसी दिन इराकी जल क्षेत्र (बसरा के पास अल-फाव पोर्ट के निकट) में दो ईंधन टैंकरों पर विस्फोटक से लदी ईरानी नावों ने हमला किया। मार्शल आइलैंड्स-फ्लैग्ड सफेसी विष्णु (Safesea Vishnu) (अमेरिकी कंपनी से जुड़ा) और माल्टा-फ्लैग्ड ज़ेफिरोस (Zefyros) पर हमले से दोनों जहाज जल उठे। एक क्रू सदस्य की मौत हुई, जबकि 25 से अधिक क्रू को बचाया गया। ईरानी राज्य मीडिया ने इसे “अंडरवाटर ड्रोन अटैक” बताया।

अन्य प्रभावित जहाजों में दुबई के पास एक कंटेनर जहाज शामिल है, जहां प्रोजेक्टाइल से छोटी आग लगी। कुल मिलाकर, पिछले दो दिनों में 6 से अधिक जहाज प्रभावित हुए, जिनमें से कई जल गए या क्षतिग्रस्त हो गए। ईरान ने इन हमलों को अमेरिका-इज़राइल के 28 फरवरी से जारी हमलों का “जवाब” करार दिया।

ईरान की रणनीति और धमकियां

ईरान की IRGC ने स्पष्ट कहा है कि “अमेरिका, इज़राइल या उनके सहयोगियों को लाभ पहुंचाने वाला एक भी लीटर तेल” होर्मुज से नहीं गुजरेगा। उन्होंने जहाजों को “वैध सैन्य लक्ष्य” घोषित किया। रिपोर्ट्स में माइंस बिछाने की कोशिश का जिक्र है, हालांकि अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने 10 मार्च को 16 ईरानी माइन-लेइंग जहाजों को नष्ट करने का दावा किया और फुटेज जारी किया।

ईरान पूर्ण ब्लॉकेज के बजाय चुनिंदा हमलों से जहाजों को डराने की रणनीति अपना रहा है। परिणामस्वरूप, दैनिक जहाज क्रॉसिंग 76 से लगभग शून्य हो गई। सैकड़ों जहाज एंकर पर खड़े हैं, वैकल्पिक रास्ते (जैसे सऊदी अरब या UAE के पाइपलाइन) सीमित हैं, और शिपिंग कंपनियां जोखिम से बच रही हैं।

वैश्विक तेल बाजार पर प्रभाव

इन हमलों से ब्रेंट क्रूड की कीमत फिर $100 प्रति बैरल के पार पहुंच गई, कुछ रिपोर्ट्स में $113 तक का उल्लेख है। IEA ने इसे “अब तक का सबसे बड़ा तेल सप्लाई डिसरप्शन” कहा, क्योंकि होर्मुज से 20 मिलियन बैरल/दिन का फ्लो 10% से कम रह गया। गल्फ देशों ने उत्पादन 8-10 मिलियन बैरल/दिन कम कर दिया, स्टोरेज भर रहा है।

IEA के 32 सदस्य देशों (G7 सहित) ने रिकॉर्ड 400 मिलियन बैरल स्ट्रैटेजिक रिजर्व रिलीज करने का फैसला किया—यह रूस-यूक्रेन युद्ध के समय 182 मिलियन बैरल से दोगुना है। अमेरिका सबसे बड़ा योगदान देगा। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका अपने रिजर्व से तेल निकालेगा ताकि गैसोलीन कीमतें कम हों, और युद्ध “जल्द खत्म” होगा। लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि यह रिलीज केवल 20 दिनों की कमी कवर करेगी, और बाजार में असर हफ्तों-महीनों में आएगा।

अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया और आगे की आशंका

UN सिक्योरिटी काउंसिल और G7 ने जहाजों की सुरक्षा के लिए एस्कॉर्ट सिस्टम पर विचार कर रही हैं, लेकिन अमेरिकी नेवी ने कहा कि यह संभव नहीं। थाईलैंड ने ईरानी राजदूत को तलब किया। इराक ने अपने बंदरगाह बंद कर दिए। ओमान ने मिना अल फहल टर्मिनल से जहाज हटा दिए।

यदि हमले जारी रहे, तो तेल कीमतें $150 तक पहुंच सकती हैं, वैश्विक मुद्रास्फीति बढ़ सकती है, और सप्लाई चेन प्रभावित हो सकती है। अमेरिका-इज़राइल की ओर से बड़े जवाबी हमले की आशंका बनी है।

यह संकट अब क्षेत्रीय युद्ध से वैश्विक ऊर्जा संकट में बदल चुका है। स्थिति तेजी से बदल रही है—विश्वसनीय स्रोतों (Reuters, CNN, IEA, UKMTO) से लगातार अपडेट्स जरूरी हैं।

Sources: रॉयटर्स

By Mohd Abdush Shahid

Mohd Abdush Shahid is Founder and content creator at www.views24.in, specializing in news analysis, feature reporting, and in-depth storytelling. With a keen eye for detail and a passion for uncovering impactful narratives, Mohd Abdush Shahid delivers trusted, engaging content that keeps readers informed and inspired.

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