31 जनवरी 2026, Patna बाइपास पर भीषण सड़क हादसा: बिहार की राजधानी पटना में आज सुबह एक भयानक सड़क हादसे ने पूरे राज्य को झकझोड़ कर रख दिया। पटना बाइपास रोड पर फतुहा के निकट एक यात्री बस और ट्रक की जोरदार टक्कर में 8 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 15 यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसा सुबह करीब 6:30 बजे हुआ जब घने कोहरे के बीच तेज रफ्तार ट्रक ने बस को टक्कर मार दी। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मृतकों के परिजनों को 5 लाख रुपये और घायलों को इलाज के लिए तत्काल सहायता का ऐलान किया है। साथ ही हादसे की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिए गए हैं।
हादसे का घटनाक्रम
पटना बाइपास रोड बिहार का व्यस्ततम मार्ग है, जो रोजाना हजारों वाहन गुजरते हैं। पुलिस सूत्रों के अनुसार, हादसे का शिकार हुई बस (रजिस्ट्रेशन नंबर BR-01-PA-4567) पटना से गया जा रही थी। बस में करीब 45 यात्री सवार थे, जिनमें अधिकांश मकर संक्रांति मेले से लौट रहे श्रद्धालु और कुछ स्थानीय लोग शामिल थे। दूसरी ओर, ट्रक (BR-06-GA-7890) रेत लदा हुआ था और पटना की ओर आ रहा था।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सुबह घना कोहरा छाया हुआ था और विजिबिलिटी बेहद कम थी। ट्रक चालक ने अचानक बस को ओवरटेक करने की कोशिश की, लेकिन नियंत्रण खो बैठा और बस के पिछले हिस्से में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि बस सड़क से उतरकर पलट गई और ट्रक भी अनियंत्रित होकर पलट गया। बस का पिछला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया, जबकि ट्रक का आगे का हिस्सा चकनाचूर हो गया।
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग और पास के पुलिस थाने की टीम मौके पर पहुंची। रेस्क्यू ऑपरेशन में NDRF की टीम को भी बुलाया गया क्योंकि बस में कई यात्री फंस गए थे। करीब तीन घंटे की मशक्कत के बाद सभी शवों और घायलों को बाहर निकाला गया। मृतकों में 5 पुरुष, 2 महिलाएं और एक बच्चा शामिल है। घायलों को तुरंत PMCH, AIIMS पटना और निजी अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जहां 4 की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है।
मृतकों और घायलों की पहचान
पुलिस ने मृतकों की पहचान की है। इनमें गया जिले के रहने वाले रामविलास सिंह (45), उनकी पत्नी सुनीता देवी (40), पटना के राजीव रंजन (32), फतुहा की मीरा कुमारी (28), और अन्य शामिल हैं। अधिकांश मृतक बस के पिछले हिस्से में बैठे थे। घायलों में बस ड्राइवर और कंडक्टर भी शामिल हैं, जो गंभीर रूप से जख्मी हैं। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मौके पर पहुंचे परिजन शवों को देखकर बेहोश हो गए।
मुख्यमंत्री का ऐलान और जांच
हादसे की खबर मिलते ही मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने गहरा दुख व्यक्त किया। उन्होंने ट्वीट कर लिखा, “पटना बाइपास पर हुए दर्दनाक हादसे से अत्यंत दुखी हूं। मृतकों के परिजनों को 5 लाख रुपये की अनुग्रह राशि और घायलों के इलाज का पूरा खर्च सरकार वहन करेगी।” उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और परिवहन मंत्री शीला कुमारी ने भी मौके पर पहुंचकर हालात का जायजा लिया।
CM ने परिवहन विभाग के प्रधान सचिव को हादसे की उच्चस्तरीय जांच सौंपी है। जांच में कोहरा, ओवरस्पीडिंग, ड्राइवर की लापरवाही और सड़क की स्थिति पर फोकस होगा। साथ ही बाइपास रोड पर स्पीड लिमिट और कोहरे में विशेष इंतजामों की समीक्षा के आदेश दिए गए हैं।
राजनीतिक प्रतिक्रियाएं
विपक्षी दलों ने सरकार पर सड़क सुरक्षा की अनदेखी का आरोप लगाया। RJD नेता तेजस्वी यादव ने कहा, “नीतीश सरकार की लापरवाही से हर दिन सड़क हादसे हो रहे हैं। बाइपास रोड की हालत खराब है, फिर भी कोई सुधार नहीं।” कांग्रेस और वाम दलों ने भी मुआवजे को अपर्याप्त बताया और मृतकों के परिजनों को नौकरी की मांग की।
सत्ताधारी NDA ने इसे दुखद बताया और कहा कि सड़क सुरक्षा के लिए नई नीति जल्द लागू की जाएगी। परिवहन मंत्री ने कहा कि सभी ओवरलोड ट्रकों पर सख्ती की जाएगी।
बिहार में सड़क हादसों की बढ़ती संख्या
यह हादसा बिहार में सड़क सुरक्षा के मुद्दे को फिर से उजागर करता है। पिछले एक साल में राज्य में 5000 से अधिक सड़क हादसे हुए हैं, जिनमें हजारों लोग मारे गए। मुख्य कारणों में खराब सड़कें, ओवरलोडिंग, कोहरा, और ड्राइवरों की लापरवाही शामिल हैं। पटना बाइपास जैसे व्यस्त मार्गों पर स्पीड ब्रेकर, स्ट्रीट लाइट और CCTV की कमी बार-बार चर्चा में आती है।
विशेषज्ञों का कहना है कि सर्दियों में कोहरा बिहार का बड़ा खतरा है। हर साल जनवरी में ऐसे हादसे बढ़ जाते हैं। सरकार ने कोहरे में फॉग लाइट अनिवार्य करने और हाईवे पर विशेष गश्त की योजना बनाई है, लेकिन क्रियान्वयन में कमी है।
यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े करता है। मृतकों के परिजनों का दर्द देखकर हर कोई स्तब्ध है। सरकार को न केवल मुआवजा देना चाहिए, बल्कि ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाने चाहिए। हाईवे पर रडार गन, वाहनों की फिटनेस चेक और ड्राइवरों की ट्रेनिंग जरूरी है।
पुलिस ने ट्रक चालक के खिलाफ FIR दर्ज कर ली है और वह फरार है। जांच रिपोर्ट आने के बाद और कार्रवाई होगी। उम्मीद है कि इस हादसे से सबक लेकर बिहार की सड़कें सुरक्षित होंगी।
Sources: ABP न्यूज़