8 फरवरी 2026, Darbhanga में 6 साल की मासूम के साथ हैवानियत: बिहार के दरभंगा जिले में एक दिल दहला देने वाली वारदात ने पूरे राज्य को स्तब्ध कर दिया है। मात्र 6 साल की एक मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म करने के बाद उसकी क्रूर हत्या कर दी गई। यह घटना शनिवार शाम की है जब बच्ची अपने ननिहाल में आई हुई थी और घर के पास पटवा पोखर (तालाब) के किनारे दो अन्य छोटी बच्चियों (उम्र 6-7 साल) के साथ खेल रही थी।
प्रत्यक्षदर्शियों और भागी हुई बच्चियों के बयान के अनुसार, एक युवक वहां पहुंचा और बच्चियों को पकड़ने की कोशिश की। दो बच्चियां भाग निकलीं, लेकिन मासूम उसके चंगुल में फंस गई। आरोपी उसे अंधेरे की ओर ले गया जहां उसने पहले दुष्कर्म किया और फिर गला घोंटकर या अन्य तरीके से हत्या कर दी। शाम ढलते ही जब बच्ची घर नहीं लौटी तो परिजनों ने तलाश शुरू की। रात भर खोजबीन के बाद रविवार सुबह कुत्तों के भौंकने की आवाज पर ग्रामीण तालाब के पास पहुंचे। वहां बच्ची का शव खून से लथपथ मिला। शव की हालत देखकर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
पुलिस की कार्रवाई और आरोपी की गिरफ्तारी
सूचना मिलते ही विश्वविद्यालय थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर दरभंगा मेडिकल कॉलेज अस्पताल (DMCH) में पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। भागी हुई बच्चियों के बयान और इलाके के CCTV फुटेज के आधार पर पुलिस ने तेजी से कार्रवाई की। आरोपी की पहचान 22 वर्षीय विकास महतो के रूप में हुई, जो बच्ची का पड़ोसी है। पुलिस ने उसे उसके घर से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के समय उसके कपड़ों पर खून के धब्बे मिले।
दरभंगा के SSP जगुनाथ रेड्डी रात में ही मौके पर पहुंचे और फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) तथा साइबर सेल की टीमों को बुलाया। SSP ने कहा, “हम सभी कोणों से जांच कर रहे हैं। आरोपी गिरफ्तार है और पूछताछ जारी है।” पुलिस ने इलाके में भारी बल तैनात कर दिया है ताकि आगे कोई अप्रिय घटना न हो। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार है जो दुष्कर्म की आधिकारिक पुष्टि करेगी।
जनआक्रोश और प्रदर्शन
घटना की खबर फैलते ही सुंदरपुर बेला इलाके में आक्रोश भड़क उठा। रविवार सुबह लोगों ने मंदिर के पास सड़क जाम कर दी। प्रदर्शनकारियों में बड़ी संख्या में महिलाएं शामिल थीं, जो लाठी-डंडे लेकर सड़क पर उतर आईं। भीड़ ने एक ऑटोरिक्शा को आग के हवाले कर दिया और पुलिस पर पथराव किया। लोग आरोपी को पुलिस से छीनकर खुद सजा देने की मांग कर रहे थे।
स्थिति बेकाबू होते देख पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। कई घंटों तक हंगामा चलता रहा और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गए। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन तनाव बरकरार है। ग्रामीणों और परिजनों की मांग है कि आरोपी को फास्ट ट्रैक कोर्ट में तुरंत सजा दी जाए।
राजनीतिक प्रतिक्रिया और कानून-व्यवस्था पर सवाल
इस घटना ने बिहार में कानून-व्यवस्था की पोल एक बार फिर खोल दी है। विपक्षी दल राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने तुरंत सरकार पर हमला बोला। पार्टी के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल से पोस्ट किया गया, “दरभंगा में 6 साल की बच्ची के साथ हैवानियत! बलात्कार कर दरिंदगी से हत्या! नीतीश कुमार सरकार और BJP को शर्म नहीं आती!” नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने भी अप्रत्यक्ष रूप से सरकार को घेरा और कहा कि बिहार में महिलाओं-बच्चियों की सुरक्षा पूरी तरह चरमरा गई है।
बिहार में पिछले कुछ वर्षों में बच्चों और महिलाओं पर अपराध के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि पुलिस की त्वरित कार्रवाई, अपराधियों को सख्त सजा और सामाजिक जागरूकता ही ऐसे मामलों पर अंकुश लगा सकती है। यह घटना न केवल एक परिवार की त्रासदी है, बल्कि पूरे समाज के लिए शर्मनाक है। बच्चियों की सुरक्षा राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।
समाज और सरकार से अपील
परिजन न्याय की गुहार लगा रहे हैं। समाज को भी ऐसे मामलों में एकजुट होकर आवाज उठानी होगी। उम्मीद है कि इस मामले में दोषी को कड़ी से कड़ी सजा मिलेगी और बिहार में अपराधियों के हौसले पस्त होंगे। बच्चियों को सुरक्षित माहौल देना हम सबकी सामूहिक जिम्मेदारी है।
Sources: पंजाब केसरी